कुशेश्वरस्थान ।
बिहार में डर एवं भय का माहौल था। अपराधी खुले आम सड़क पर घूमते थे। बिहार को फिरौती, अपहरण और रंगदारी के लिए जाना जाता था। अपराधियों में कानून का कोई भय नहीं था। क्योंकि अपराधियों को सरकार के संरक्षण प्राप्त था। लेकिन 24 नवंबर 2005 को बिहार में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में एनडीए की सरकार बनी तब से राज्य में कानून का राज है और लगातार न्याय के साथ विकास हो रहा है। उक्त बातें उच्च विद्यालय सतीघाट के प्रांगण में शुक्रवार को विभिन्न योजनाओं के शिलान्यास समारोह एवं जनसंवाद कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सूबे के ग्रामीण कार्य मंत्री डॉ0 अशोक चौधरी ने कही। उन्होंने कहा कि राजद एवं कांग्रेस के शासन काल में लोग शाम के बाद घर से बाहर नहीं निकलते थे। सरकार का विधि व्यवस्था संधारण पर कोई ध्यान नहीं था। ना पुलिस के पास चलने योग्य वाहन थे और न ही उनके पास अच्छे हथियार थे। अपराधियों के विरोध में न कोई बोलने वाले थे न ही कोई गवाही देने वाले थे। जिससे अपराधियों को सजा नहीं मिल पाता था। लेकिन नवंबर 2005 में नयी सरकार बनी तो सबसे पहले राज्य में कानून व्यवस्था को ठीक किया गया। इसके लिए पुलिस बलों की संख्या को बढ़ाने पर जोर दिया गया। अब पुलिस बलों की संख्या बढ़कर एक लाख इकत्तीस हजार हो गई है। श्री चौधरी ने कहा कि पहले समाज में कितना झगड़ा होता था। साम्प्रदायिक दंगे होते थे। कब्रिस्तान से संबंधित विवाद को लेकर हिन्दू मुस्लिम झगड़ते थे। लेकिन हमारी सरकार में अब कोई झगड़ा झंझट नहीं होती है। साम्प्रदायिक दंगे भी नहीं होती है। राज्य में प्रेम, भाईचारा और शांति का माहौल है। अब तक 9 हजार से अधिक कब्रिस्तान को घेराबंदी किया गया है। मंदिरों की भी घेराबंदी किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने शिक्षा के क्षेत्र में काफी काम किया है। बड़ी संख्या में नये विद्यालय खोले गए हैं। लड़के लड़कियों के लिए पोशाक योजना शुरू किया गया। 9 वीं कक्षा के लड़के लड़कियों के लिए साइकिल योजना शुरू हुआ। हर पंचायत में 12 वीं कक्षा तक की पढ़ाई कर रहे सुविधा दी गई है। शिक्षकों की संख्या बढ़कर 5 लाख 12 हजार 679 हो गया है। अब हर जिले में इंजीनियरिंग कॉलेज और पॉलिटेक्निक कॉलेज खोले गए हैं।
मेडिकल कॉलेज की संख्या बढ़कर 12 हो गया है और 14 नये मेडिकल कॉलेज बन रही है तथा 7 जिले में मेडिकल कॉलेज खोलने की स्वीकृति दी गई है। उन्होंने कहा कि राजद और कांग्रेस के शासनकाल में महिलाओं के सशक्तिकरण पर कोई ध्यान नहीं दिया गया था। लेकिन एनडीए की सरकार ने महिलाओं को हर क्षेत्र में आगे बढ़ाने का काम किया है। पंचायती राज संस्थाओं और नगर निकायों के चुनाव में महिलाओं को 50 प्रतिशत आरक्षण देकर महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देने का काम किया। सरकारी एवं पुलिस की नौकरी में 35 प्रतिशत आरक्षण दिया। जिससे बिहार पुलिस में महिलाओं की संख्या देश में सबसे अधिक है। महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए स्वयं सहायता समूह का गठन किया गया। बिहार में स्वयं सहायता समूहों की संख्या बढ़कर 11 लाख से अधिक हो गई है। जिसमें जीविका दीदी की संख्या एक करोड़ 40 लाख हो गई है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने सभी परिवारों को 125 यूनिट बिजली बिल फ्री दे रही है। सामाजिक सुरक्षा पेंशन की राशि 400 से बढ़ाकर 1100 रुपए प्रति महीना कर दिया है। श्री चौधरी ने कहा कि कुशेश्वरस्थान विधानसभा क्षेत्र के विकास के लिए 84 छोटी बड़ी सड़क निर्माण तथा 18 पुल पुलिया के निर्माण का शिलान्यास किया गया है। जिससे यहां के सड़क और पुल पुलिया की समस्या हल हो गयी है। जो बच गया है उसे भी पूरा किया जाएगा। स्थानीय विधायक अमन भूषण हजारी की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम को सांसद शांभवी चौधरी , विधायक श्री हजारी,हाल ही में जदयू के सदस्यता ग्रहण करने वाले अतिरेक कुमार सहित अनेक लोगों ने संबोधित किया। धन्यवाद ज्ञापन कार्यपालक अभियंता बालेश्वर राम ने किया।























